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रेत माफियाओं द्वारा पटवारी हत्याकांड मामला:

– पटवारी हुए लामबंद, कलेक्टर को सौंपा ज्ञापन, अनुविभागीय अधिकारी व तहसीलदार पर लगाए गंभीर आरोप

– सरकारी नौकरी, 1 करोड़ का आर्थिक सहायता और उच्च न्यायालय के न्यायधीश से कराए जांच…

– अधिकारियों की लापरवाही, बिना पुलिस सुरक्षा के भेजने पर खड़ा किया सवाल..

– पटवारी संघ ने कलेक्टर के माध्यम से राज्यपाल के नाम सौपा ज्ञापन

शहडोल। भूतपूर्व सैनिक दिवंगत पटवारी प्रसन्न सिंह की मौत के बाद मध्यप्रदेश पटवारी संघ जिला इकाई शहडोल बैनर तले जिले भर से एकत्रित हुए पटवारियों ने कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा है। इसके साथ ही ब्यौहारी एसडीएम और तहसीलदार पर गंभीर आरोप लगाए है। कलेक्टर शहडोल के माध्यम से राज्यपाल मध्यप्रदेश के नाम ज्ञापन सौपा गया। जिलाध्यक्ष सत्य नारायण मिश्रा ने बताया कि दिवंगत पटवारी प्रसन्न सिंह पिता महेंद्र प्रताप सिंह पटवारी हल्का खड्डा तहसील ब्योहारी जिला शहडोल के साथ 25 नवंबर की देर रात रेत माफियाओं द्वारा हमला कर निर्मम हत्या कर दी गई थी।
पटवारी हत्याकांड मामले को लेकर प्रदेश के साथ देश भर में सियासत हो रही है। वहीं शहडोल के सभी पटवारियों ने अपना काम काज छोड़ कर कलेक्टर को ज्ञापन देने पहुंचे। जहां मृतक पटवारी को सरकारी मदद दिलाने की गुहार लगाई। वहीं पटवारियों का ज्ञापन लेने कलेक्टर चेंबर से नहीं निकलीं। जिसके बाद पटवारी संघ में कलेक्टर के इस रवैए से आक्रोश जाहिर किया।

ज्ञापन के माध्यम से की मांग

पटवारी संघ के अध्यक्ष ने बताया कि 25 नवंबर की रात 11 बजे अनुविभागीय अधिकारी राजस्व ब्योहारी नरेंद्र सिंह धुर्वे एवं तहसीलदार द्वारा प्रसन्न सिंह के साथ अन्य तीन पटवारी कल्याण सिंह, वीरेश पाठक एवं कामतानाथ मिश्रा को तहसीलदार द्वारा आवंटित शासकीय वाहन बोलेरो से गोपालपुर रेत के अवैध उत्खनन को रोकने तथा निगरानी के लिए भेजा गया था। अधिकारियों द्वारा बिना किसी पुलिस सुरक्षा के पटवारी को कैसे अवैध रेत के खदान में भेजा गया यह जांच का विषय है। अधिकारियों द्वारा पटवारी की सुरक्षा में अत्यंत लापरवाही बढ़ती गई जिसका परिणाम यह हुआ कि चारों पटवारी के पहुंचते ही रेत माफिया द्वारा संगठित एवं संयोजित तरीके से पटवारी पर हमला कर दिया गया। रेत माफिया द्वारा गोपालपुर स्थित अवैध रेत उत्खनन स्थल पर रात्रि 11:50 में पटवारी प्रसन्न सिंह के ऊपर ट्रैक्टर चढ़कर निर्मम हत्या कर दी गई। जिसका मध्यप्रदेश पटवारी संघ जिला इकाई शहडोल विरोध करता है और साथ ही उच्च न्यायालय के न्यायाधीश के द्वारा जांच की मांग करता है। साथ ही दिवंगत पटवारी प्रसन्न सिंह को शहीद का दर्जा देने एवं एक करोड रुपए की आर्थिक सहायता राशि दिवंगत के परिवार को देने व एक व्यक्ति को शासकीय नौकरी के साथ मिले शहीद का सम्मान दिलाने की मांग करता है।

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